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गरà¥à¤à¤¾à¤¶à¤¯ या गरà¥à¤ महिलाओं के शरीर में पेशियों से बनी à¤à¤• संरचना होती है, जो पेलà¥à¤µà¤¿à¤• की मांसपेशियों और लिगामेंटà¥à¤¸ की मदद से अपनी जगह पर सà¥à¤¥à¤¿à¤° रहती है। जब ये मांसपेशियां व लिगामेंटà¥à¤¸ कमजोर पड़ जाते हैं या इनमें सामानà¥à¤¯ से अधिक खिंचाव आ जाता है। à¤à¤¸à¥€ सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ में ये गरà¥à¤à¤¾à¤¶à¤¯ को सहारा पà¥à¤°à¤¦à¤¾à¤¨ नहीं कर पाते हैं, जिसके परिणामसà¥à¤µà¤°à¥‚प गरà¥à¤à¤¾à¤¶à¤¯ बाहर निकल जाता है। इस सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ को मेडिकल à¤à¤¾à¤·à¤¾ में “यूटेराइन पà¥à¤°à¥‹à¤²à¥ˆà¤ªà¥à¤¸â€ (Uterine prolapse) कहा जाता है, जिसमें बचà¥à¤šà¥‡à¤¦à¤¾à¤¨à¥€ अपनी सामानà¥à¤¯ जगह से सरक कर योनि की तरफ आ जाती है। बचà¥à¤šà¥‡à¤¦à¤¾à¤¨à¥€ बाहर आने कि समसà¥à¤¯à¤¾ किसी à¤à¥€ महिला को किसी à¤à¥€ उमà¥à¤° में हो सकती है। लेकिन जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾à¤¤à¤° रजोनिवृतà¥à¤¤à¤¿ के बाद महिलाओं को होती है, जिनको à¤à¤• या उससे अधिक योनि पà¥à¤°à¤¸à¤µ हो चà¥à¤•े हों।
पà¥à¤°à¥‹à¤²à¥ˆà¤ªà¥à¤¸, पेलà¥à¤µà¤¿à¤• अंग को सहारा देने वाली लिगामेंटà¥à¤¸ व मांसपेशियों में खिंचाव आने के कारण होता है, जिसके कारण इनसे जà¥à¤¡à¤¼à¥‡ अंग नीचे की तरफ लटक जाते हैं। पà¥à¤°à¥‹à¤²à¥ˆà¤ªà¥à¤¸ का मतलब होता है, जगह से सरक कर बाहर की तरफ निकल जाना। बचà¥à¤šà¥‡à¤¦à¤¾à¤¨à¥€ बाहर आ जाने से कई लकà¥à¤·à¤£ हो सकते हैं जैसे पेलà¥à¤µà¤¿à¤• कà¥à¤·à¥‡à¤¤à¥à¤° में à¤à¤¾à¤°à¥€à¤ªà¤¨ सा महसूस हो पाना, पेशाब करने व मल तà¥à¤¯à¤¾à¤— करने में परेशानी होना आदि। गरà¥à¤à¤¾à¤¶à¤¯ बाहर निकलने का कारण बनने वाली सà¤à¥€ समसà¥à¤¯à¤¾à¤“ं की रोकथाम नहीं की जा सकती है। हालांकि मोटापे जैसे कà¥à¤› जोखिम कारक हैं, जिनको कम किया जा सकता है।
यदि बचà¥à¤šà¥‡à¤¦à¤¾à¤¨à¥€ थोड़ी बहà¥à¤¤ बाहर आई है, तो उसका इलाज करवाने की आवशà¥à¤¯à¤•ता नहीं होती है। अगर आपको इससे परेशानी हो रही है या आपका सामानà¥à¤¯ जीवन पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µà¤¿à¤¤ हो रहा तो à¤à¤¸à¥‡ में इलाज करवा लेना चाहिà¤à¥¤ यदि गरà¥à¤à¤¾à¤¶à¤¯ बाहर निकलने की समसà¥à¤¯à¤¾ अधिक गंà¤à¥€à¤° नहीं है, तो उससे किसी पà¥à¤°à¤•ार की समसà¥à¤¯à¤¾ नहीं होती है। जबकि इसके गंà¤à¥€à¤° मामलों में काफी जटिलताà¤à¤‚ विकसित हो सकती है, जैसे पेशाब ना आना, कबà¥à¤œ, योनि में छाले बनना और सेकà¥à¤¸ करने के दौरान दरà¥à¤¦ होना आदि।
गरà¥à¤à¤¾à¤¶à¤¯ बाहर निकलना कà¥à¤¯à¤¾ है?
गरà¥à¤à¤¾à¤¶à¤¯ या गरà¥à¤ महिलाओं की पà¥à¤°à¤œà¤¨à¤¨ पà¥à¤°à¤£à¤¾à¤²à¥€ का à¤à¤• अंग होता है। जब गरà¥à¤à¤¾à¤¶à¤¯ अपनी सामानà¥à¤¯ जगह से सरक या नीचे की तरफ उतर कर योनि (जनà¥à¤® देने वाली नलिका) में आ जाता है, तो à¤à¤¸à¥€ सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ को यूटेराइन पà¥à¤°à¥‹à¤²à¥ˆà¤ªà¥à¤¸ या बचà¥à¤šà¥‡à¤¦à¤¾à¤¨à¥€ बाहर आना कहा जाता है।
यूटेराइन पà¥à¤°à¥‹à¤²à¥ˆ पà¥à¤¸ के कितने सà¥à¤Ÿà¥‡à¤œ हैं?
गरà¥à¤à¤¾à¤¶à¤¯ सामानà¥à¤¯ जगह से कितना नीचे उतर चà¥à¤•ा है, उसके आधार पर ही इसको निमà¥à¤¨ चरणों में विà¤à¤¾à¤œà¤¿à¤¤ किया गया है। मूतà¥à¤°à¤¾à¤¶à¤¯ व आंत जैसे पेलà¥à¤µà¤¿à¤• कà¥à¤·à¥‡à¤¤à¥à¤° के अनà¥à¤¯ अंग à¤à¥€ सामानà¥à¤¯ जगह से सरक कर योनि में आ सकते हैं। बचà¥à¤šà¥‡à¤¦à¤¾à¤¨à¥€ बाहर आने की सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ को मà¥à¤–à¥à¤¯ चार चरणों में रखा गया है, जो निमà¥à¤¨ हैं:
सà¥à¤Ÿà¥‡à¤œ 1: इसमें गरà¥à¤à¤¾à¤¶à¤¯ योनि के ऊपरी आधे à¤à¤¾à¤— में होता है।
सà¥à¤Ÿà¥‡à¤œ 2 इस सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ में गरà¥à¤à¤¾à¤¶à¤¯ योनि दà¥à¤µà¤¾à¤° या उसके आस-पास आ जाता है।
सà¥à¤Ÿà¥‡à¤œ 3 इस चरण में बचà¥à¤šà¥‡à¤¦à¤¾à¤¨à¥€ योनि से बाहर की तरफ निकल जाता है।
सà¥à¤Ÿà¥‡à¤œ 4 इसमें बचà¥à¤šà¥‡à¤¦à¤¾à¤¨à¥€ योनि से पूरी तरह से बाहर निकल जाती है।
बचà¥à¤šà¥‡à¤¦à¤¾à¤¨à¥€ बाहर आने के लकà¥à¤·à¤£ कà¥à¤¯à¤¾ हैं?
यदि गरà¥à¤à¤¾à¤¶à¤¯ बाहर आने संबंधी छोटी-मोटी समसà¥à¤¯à¤¾ है, तो आमतौर पर उससे किसी पà¥à¤°à¤•ार के लकà¥à¤·à¤£ पैदा नहीं होते हैं। यदि यह गंà¤à¥€à¤° रूप से बाहर आ गया है, तो इससे कई पà¥à¤°à¤•ार के लकà¥à¤·à¤£ पैदा हो सकते हैं, जिनमें निमà¥à¤¨ शामिल हैं:
योनि, पेलà¥à¤µà¤¿à¤¸, पेट व कमर के निचले हिसà¥à¤¸à¥‡ और गà¥à¤°à¥‹à¤‡à¤¨ में दरà¥à¤¦ व अनà¥à¤¯ तकलीफ महसूस होना। पà¥à¤°à¥‹à¤²à¥ˆà¤ªà¥à¤¸ में होने वाली तकलीफ में अकà¥à¤¸à¤° खिंचाव जैसा दरà¥à¤¦ या पीड़ा महसूस होती है। शारीरिक संबंध बनाते समय और पीरियडà¥à¤¸ आदि के दौरान यह दरà¥à¤¦ और अधिक बढ़ जाता है।
योनि के आस-पास अधिक दबाव व à¤à¤¾à¤°à¥€à¤ªà¤¨ महसूस होना। कà¥à¤› महिलाओं को à¤à¤¸à¤¾ महसूस होता है, जैसे योनि से कà¥à¤› निकलने वाला है।
बार-बार पेशाब आना या बार-बार पेशाब करने की तीवà¥à¤° इचà¥à¤›à¤¾ होना।
पेशाब करने या मल तà¥à¤¯à¤¾à¤— करने के लिठयोनि, गà¥à¤¦à¤¾ या किसी विशेष जगह से तà¥à¤µà¤šà¤¾ को उंगली के साथ दबाने की जरूरत पड़ना।
मल तà¥à¤¯à¤¾à¤— करने के दौरान कठिनाई महसूस होना
बार-बार मूतà¥à¤° पथ में संकà¥à¤°à¤®à¤£ होना, कà¥à¤¯à¥‹à¤‚कि पेशाब करने के दौरान आपका मूतà¥à¤°à¤¾à¤¶à¤¯ पूरी तरह से खाली नहीं हो पाता।
योनि के अंदर के गà¥à¤²à¤¾à¤¬à¥€ रंग के नरम ऊतकों का गà¥à¤šà¥à¤›à¤¾ दिखाई देना, जिसमें खà¥à¤œà¤²à¥€ होती है और बदबू à¤à¥€ आती है। इन ऊतकों से खून à¤à¥€ आ सकता है।
पेशाब का रिसाव होना, जो छींक, खांसी और जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ वजन उठाने के दौरान अधिक निकलता है सेकà¥à¤¸à¥à¤…ल गतिविधियों के दौरान दरà¥à¤¦ होना, सेकà¥à¤¸ ऑरà¥à¤—ेजà¥à¤® ना पà¥à¤°à¤¾à¤ªà¥à¤¤ ना कर पाना।
योनि से तरल पदारà¥à¤¥ निकलना जिससे आपके अंडरगारà¥à¤®à¥‡à¤Ÿà¥à¤¸ गंदे हो जाना
डॉकà¥à¤Ÿà¤° को कब दिखाना चाहिà¤?
यदि आपको निमà¥à¤¨ में से कोई à¤à¥€ लकà¥à¤·à¤£ महसूस हो रहा है, à¤à¤¸à¥‡ में डॉकà¥à¤Ÿà¤° को दिखा लेना चाहिà¤:
योनि दà¥à¤µà¤¾à¤° के पास गरà¥à¤à¤¾à¤¶à¤¯ गà¥à¤°à¥€à¤µà¤¾ (सरà¥à¤µà¤¿à¤•à¥à¤¸) महसूस होना या योनि की नलिका (वैजाइनल कनैल) में आपको दबाव महसूस होना।
à¤à¤¸à¤¾ महसूस होना जैसे योनि से कà¥à¤› निकलने वाला है।
पेशाब रिसाव होना या बार-बार मल तà¥à¤¯à¤¾à¤— करने की तीवà¥à¤° इचà¥à¤›à¤¾ होना
लगातार पीठके निचले हिसà¥à¤¸à¥‡ में दरà¥à¤¦ रहना, चलने, पेशाब करने और मल तà¥à¤¯à¤¾à¤— करने में कठिनाई होना
पेशाब व मल तà¥à¤¯à¤¾à¤— ना कर पाना
गरà¥à¤à¤¾à¤¶à¤¯ पूरी तरह से योनि से बाहर निकल जाना (कमà¥à¤ªà¤²à¥€à¤Ÿ यूटेराइन पà¥à¤°à¥‹à¤²à¥ˆà¤ªà¥à¤¸)
बचà¥à¤šà¥‡à¤¦à¤¾à¤¨à¥€ बाहर कà¥à¤¯à¥‹à¤‚ आती है?
गरà¥à¤à¤¾à¤¶à¤¯ बाहर आने का मà¥à¤–à¥à¤¯ कारण गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ और बचà¥à¤šà¥‡ को जनà¥à¤® देना (योनि पà¥à¤°à¤¸à¤µ) होता है। इसके कà¥à¤› अनà¥à¤¯ कारण à¤à¥€ हो सकते हैं, जैसे रजोनिवृतà¥à¤¤à¤¿, अधिक उमà¥à¤° या पहले कà¤à¥€ की गई पेलà¥à¤µà¤¿à¤• सरà¥à¤œà¤°à¥€ आदि।
à¤à¤¸à¥€ बहà¥à¤¤ समसà¥à¤¯à¤¾à¤à¤‚ हैं, जिनके कारण पेलà¥à¤µà¤¿à¤• फà¥à¤²à¥‹à¤° और उससे संबंधित कनेकà¥à¤Ÿà¤¿à¤µ टिशà¥à¤¯à¥‚ (सहारा पà¥à¤°à¤¦à¤¾à¤¨ करने वाले ऊतक) कमजोर पड़ जाते हैं। इन कारणों में निमà¥à¤¨ शामिल हो सकते हैं:
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ खासतौर पर मलà¥à¤Ÿà¥€à¤ªà¤² बरà¥à¤¥ जैसे जà¥à¤¡à¤¼à¤µà¤¾ बचà¥à¤šà¥‡ या à¤à¤• साथ तीन बचà¥à¤šà¥‡ पैदा होना या कई बार गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ हो जाना।
योनि से पà¥à¤°à¤¸à¤µ होना, खासतौर पर जब शिशॠआकार में बड़ा हो, जलà¥à¤¦à¥€ जनà¥à¤® ले लिया हो या जनà¥à¤® लेने के दौरान मां को अधिक जोर लगाना पड़ा हो।
मोटापा
मलतà¥à¤¯à¤¾à¤— करने के दौरान टॉयलेट में बैठकर लंबे समय तक जोर लगाना
रजोनिवृतà¥à¤¤à¤¿ के बाद à¤à¤¸à¥à¤Ÿà¥à¤°à¥‹à¤œà¤¨ नामक सेकà¥à¤¸ हारà¥à¤®à¥‹à¤¨ का सà¥à¤¤à¤° कम हो जाना
लंबे समय से बà¥à¤°à¥‹à¤‚काइटिस या असà¥à¤¥à¤®à¤¾ के साथ गंà¤à¥€à¤° रूप से खांसी होना
रसौली
पेलà¥à¤µà¤¿à¤• में टà¥à¤¯à¥‚मर हो जाना (दà¥à¤°à¥à¤²à¤ मामलों में)
बचà¥à¤šà¥‡à¤¦à¤¾à¤¨à¥€ बाहर आने का खतरा कब बढ़ता है?
महिला की उमà¥à¤° बढ़ने और उसमें à¤à¤¸à¥à¤Ÿà¥à¤°à¥‹à¤œà¤¨ हारà¥à¤®à¥‹à¤¨ का सà¥à¤¤à¤° कम होने के साथ-साथ गरà¥à¤à¤¾à¤¶à¤¯ बाहर आने का खतरा à¤à¥€ बढ़ जाता है। à¤à¤¸à¥à¤Ÿà¥à¤°à¥‹à¤œà¤¨ à¤à¤• à¤à¤¸à¤¾ हारà¥à¤®à¥‹à¤¨ है, जो पेलà¥à¤µà¤¿à¤• की मांसपेशियों को मजबूत रखता है। गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ या पà¥à¤°à¤¸à¤µ के दौरान पेलà¥à¤µà¤¿à¤• मांसपेशियां या ऊतक कà¥à¤·à¤¤à¤¿à¤—à¥à¤°à¤¸à¥à¤¤ हो जाने के कारण à¤à¥€ यूटेराइन पà¥à¤°à¥‹à¤²à¥ˆà¤ªà¥à¤¸ हो सकता है। रजोनिवृतà¥à¤¤à¤¿ के बाद की महिलाà¤à¤‚ और जो à¤à¤• से अधिक बार शिशॠको जनà¥à¤® दे चà¥à¤•ी हैं, उनमें बचà¥à¤šà¥‡à¤¦à¤¾à¤¨à¥€ बाहर आने का खतरा बढ़ जाता है। रजोनिवृति के बाद à¤à¥€ महिलाओं में गरà¥à¤à¤¾à¤¶à¤¯ बाहर निकलने का खतरा बढ़ जाता है। किसी महिला को यह समसà¥à¤¯à¤¾ होने पर उसकी मां, बहन या बेटी को होने का खतरा à¤à¥€ हो सकता है।
à¤à¤¸à¥€ कोई à¤à¥€ गतिविधि करना जिससे पेलà¥à¤µà¤¿à¤• की मांसपेशियों पर दबाव पड़ता है, उससे गरà¥à¤à¤¾à¤¶à¤¯ बाहर निकलने का खतरा बढ़ जाता है। कà¥à¤› अनà¥à¤¯ कारक à¤à¥€ हैं, जो यूटेराइन पà¥à¤°à¥‹à¤²à¥ˆà¤ªà¥à¤¸ होने का खतरा बढ़ा देते हैं, जैसे:
मोटापा
लंबे समय से खांसी होना
पà¥à¤°à¤¸à¤µ और डिलीवरी के दौरान कठिनाई होना और शिशॠको जनà¥à¤® देने के दौरान चोट लगना
बार-बार अधिक वजन उठाना
लंबे समय से कबà¥à¤œ रहना
कई बार गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ होना और योनि जनà¥à¤® देना
मल तà¥à¤¯à¤¾à¤— करने के दौरान अधिक जोर लगाने की आदत
कनेकà¥à¤Ÿà¤¿à¤µ टिशà¥à¤¯à¥‚ में समसà¥à¤¯à¤¾à¤“ं संबंधी कोई पारिवारिक समसà¥à¤¯à¤¾ होना।
सामानà¥à¤¯ से थोड़े बड़े आकार के शिशॠको जनà¥à¤® देना
पहले कà¤à¥€ पेलà¥à¤µà¤¿à¤• की सरà¥à¤œà¤°à¥€ हà¥à¤ˆ होना
गरà¥à¤à¤¾à¤¶à¤¯ को बाहर निकलने से कैसे रोकें?
यदि बचà¥à¤šà¥‡à¤¦à¤¾à¤¨à¥€ बाहर आने की सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ गंà¤à¥€à¤° नहीं है तो कà¥à¤› सावधानियां बरती जा सकती हैं, जिनसे सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ को बदतर होने से बचाव किया जा सकता है।
थोड़े बहà¥à¤¤ पà¥à¤°à¥‹à¤²à¥ˆà¤ªà¥à¤¸ से गà¥à¤°à¤¸à¥à¤¤ महिला को सिरà¥à¤« खà¥à¤¦ की देखà¤à¤¾à¤² रखने संबंधी उपाय करने की ही जरूरत होती है। डॉकà¥à¤Ÿà¤° यूटेराइन पà¥à¤°à¥‹à¤²à¥ˆà¤ªà¥à¤¸ से गà¥à¤°à¤¸à¥à¤¤ महिला को खà¥à¤¦ की देखà¤à¤¾à¤² संबंधी कà¥à¤› उपाय बता सकते हैं, जैसे:
नियमित रूप से पेलà¥à¤µà¤¿à¤• फà¥à¤²à¥‹à¤° मसल à¤à¤•à¥à¤¸à¤°à¤¸à¤¾à¤‡à¤œ करना, यह लकà¥à¤·à¤£à¥‹à¤‚ में सà¥à¤§à¤¾à¤° करती है और सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ को बदतर होने से रोकती है।
यदि आपका वजन अधिक है, तो वजन कम करने के तरीके बताना
कबà¥à¤œ का इलाज व उससे बचाव करना
à¤à¤¸à¥€ कोई à¤à¥€ गतिविधि करने से रोकना, जो सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ को और गंà¤à¥€à¤° बनाती है जैसे अधिक वजन उठाना
कà¥à¤› अनà¥à¤¯ सावधानियां जैसे:
कबà¥à¤œ का इलाज करना और उससे बचाव रखना: परà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¥à¤¤ मातà¥à¤°à¤¾ में तरल पेय पदारà¥à¤¥ व फाइबर यà¥à¤•à¥à¤¤ à¤à¥‹à¤œà¤¨ खाना जैसे फल, सबà¥à¤œà¤¿à¤¯à¤¾à¤‚, बीन और साबà¥à¤¤ अनाज आदि।
वजन को सही तकनीक से उठाना और अतà¥à¤¯à¤§à¤¿à¤• वजन ना उठाना: वजन उठाने के लिठकमर की बजाठअपनी टांगों का इसà¥à¤¤à¥‡à¤®à¤¾à¤² करें मतलब टांगों पर जोर दें।
खांसी का उपचार करना: यदि आपको लंबे समय से खांसी हो रही है, तो उसका इलाज करवाà¤à¤‚ और धूमà¥à¤°à¤ªà¤¾à¤¨ आदि छोड़ दें।
शरीर का वजन ना बढ़ने देना: डॉकà¥à¤Ÿà¤° से आपके शरीर के अनà¥à¤¸à¤¾à¤° सही वजन के बारे में पूछें और वजन घटाने में उनकी मदद लें।
गरà¥à¤à¤¾à¤¶à¤¯ बाहर निकलने का परीकà¥à¤·à¤£ कैसे करें?
बचà¥à¤šà¥‡à¤¦à¤¾à¤¨à¥€ बाहर आने जैसी सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ की जांच करने के लिठडॉकà¥à¤Ÿà¤° मरीज का पेलà¥à¤µà¤¿à¤• परीकà¥à¤·à¤£ और उसके लकà¥à¤·à¤£à¥‹à¤‚ की जांच करते हैं। परीकà¥à¤·à¤£ के दौरान डॉकà¥à¤Ÿà¤° योनि के अंदर सà¥à¤ªà¥‡à¤•à¥à¤¯à¥à¤²à¤® नाम का à¤à¤• उपकरण डालते हैं, जिसकी मदद से योनि, गरà¥à¤à¤¾à¤¶à¤¯ और योनि नलिका की जांच की जाती है। परीकà¥à¤·à¤£ के दौरान डॉकà¥à¤Ÿà¤° महिला को लेटने या खड़े रहने के लिठकह सकते हैं।
यदि आपको मल तà¥à¤¯à¤¾à¤— करने की इचà¥à¤›à¤¾ हो रही है, तो डॉकà¥à¤Ÿà¤° आपको सहन करने के लिठà¤à¥€ कह सकते हैं, ताकि पà¥à¤°à¥‹à¤²à¥ˆà¤ªà¥à¤¸ की गंà¤à¥€à¤°à¤¤à¤¾ का अंदाजा लगाया जा सके।
गरà¥à¤à¤¾à¤¶à¤¯ बाहर निकलने का परीकà¥à¤·à¤£ करने के लिठनिमà¥à¤¨ टेसà¥à¤Ÿ किठजा सकते हैं:
à¤à¤®à¤†à¤°à¤†à¤ˆ:
परीकà¥à¤·à¤£ की पà¥à¤·à¥à¤Ÿà¤¿ करने के लिठकà¤à¥€-कà¤à¥€ à¤à¤®à¤†à¤°à¤†à¤ˆ टेसà¥à¤Ÿ किया जा सकता है।
यूरोडाइनेमिक सà¥à¤Ÿà¤¡à¥€:
ये टेसà¥à¤Ÿ आपके मूतà¥à¤°à¤¾à¤¶à¤¯ की कारà¥à¤¯ कà¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾ की जांच करते हैं और यह बताते हैं कि आपका मूतà¥à¤°à¤¾à¤¶à¤¯ पूरी तरह से खाली हो पा रहा है या नहीं। मूतà¥à¤°à¤¾à¤¶à¤¯ के अंदर दबाव की जांच करने के लिठउसमें पतली टà¥à¤¯à¥‚ब के माधà¥à¤¯à¤® से à¤à¤• विशेष पà¥à¤°à¤•ार की डाई (तरल) डाली जाती है। मूतà¥à¤°à¤®à¤¾à¤°à¥à¤— की मदद से डाई को मूतà¥à¤°à¤¾à¤¶à¤¯ में डाल दिया जाता है और फिर वीडियो à¤à¤•à¥à¤¸ रे की मदद से मूतà¥à¤°à¤¾à¤¶à¤¯ के आकृति की जांच की जाती है, कि कहीं इसकी आकृति असामानà¥à¤¯ तो नहीं हो गई है।
पेलà¥à¤µà¤¿à¤• फà¥à¤²à¥‹à¤° अलà¥à¤Ÿà¥à¤°à¤¾à¤¸à¤¾à¤‰à¤‚ड:
कà¥à¤› à¤à¤¸à¥‡ इमेजिंग टेसà¥à¤Ÿ à¤à¥€ किठजा सकते हैं, जिनकी मदद से यह पता लगाया जाता है कि गरà¥à¤à¤¾à¤¶à¤¯ कितना बाहर की तरफ निकला हà¥à¤† है और पेलà¥à¤µà¤¿à¤• फà¥à¤²à¥‹à¤° मांसपेशियों की सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ कैसी है।
अलà¥à¤Ÿà¥à¤°à¤¾à¤¸à¤¾à¤‰à¤‚ड:
मूतà¥à¤°à¤¾à¤¶à¤¯ का अलà¥à¤Ÿà¥à¤°à¤¾à¤¸à¤¾à¤‰à¤‚ड करके यह पता लगा लिया जाता है कि कहीं मूतà¥à¤°à¤¾à¤¶à¤¯ को पूरी तरह खाली करने के बावजूद à¤à¥€ कहीं उसमें पेशाब तो नहीं रहता है।
बचà¥à¤šà¥‡à¤¦à¤¾à¤¨à¥€ बाहर आने का इलाज कैसे किया जाता है?
इस सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ के लिठनिमà¥à¤¨ उपचार विकलà¥à¤ª हो सकते हैं:
दवाà¤à¤‚:
योनि में à¤à¤¸à¥à¤Ÿà¥à¤°à¥‹à¤œà¤¨ यà¥à¤•à¥à¤¤ कà¥à¤°à¥€à¤® या सपोसिटरी (à¤à¤• पà¥à¤°à¤•ार का कैपà¥à¤¸à¥‚ल) को योनि में रखा जाता है, जिससे योनि के ऊतक मजबूत होने में मदद मिलती है। लेकिन à¤à¤¸à¥à¤Ÿà¥à¤°à¥‹à¤œà¤¨ की दवाà¤à¤‚ सिरà¥à¤« रजोनिवृतà¥à¤¤à¤¿ के बाद की महिलाओं के लिठहोती है।
वेजाइनल पेसरी (Vaginal pessary):
यह योनि में लगाया जाने वाला à¤à¤• उपकरण होता है, जो गरà¥à¤à¤¾à¤¶à¤¯ को सहारा पà¥à¤°à¤¦à¤¾à¤¨ करता है और उसे सामानà¥à¤¯ पॉजिशन में रखता है। वेजाइनल पेसरी लगाने व हटाने से संबंधित सà¤à¥€ दिशानà¥à¤°à¥à¤¦à¥‡à¤¶à¥‹à¤‚ का पालन करना बहà¥à¤¤ जरूरी होता है। यदि बचà¥à¤šà¥‡à¤¦à¤¾à¤¨à¥€ अपनी सामानà¥à¤¯ जगह से काफी सरक चà¥à¤•ी है, तो à¤à¤¸à¥€ सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ में पेसरी से जलन व छाले हो जाते हैं और सेकà¥à¤¸ करने के दौरान à¤à¥€ कठिनाई होने लगती है। वेजाइनल पेसरी लगवाने से पहले अपने डॉकà¥à¤Ÿà¤° से चरà¥à¤šà¤¾ कर लें कि विकलà¥à¤ª आपके लिठठीक है या नहीं।
सरà¥à¤œà¤°à¥€:
योनि या पेट के अंदर से बाहर निकले हà¥à¤ गरà¥à¤à¤¾à¤¶à¤¯ को सरà¥à¤œà¤°à¥€ से ठीक किया जा सकता है। गरà¥à¤à¤¾à¤¶à¤¯ को उचित सहारा पà¥à¤°à¤¦à¤¾à¤¨ करने के लिठसà¥à¤•िन गà¥à¤°à¤¾à¤«à¥à¤Ÿà¤¿à¤‚ग (किसी दूसरे हिसà¥à¤¸à¥‡ से तà¥à¤µà¤šà¤¾ निकालकर लगाना) या किसी दूसरे वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ से ऊतक आदि लेकर लगाना आदि सरà¥à¤œà¤¿à¤•ल पà¥à¤°à¤•à¥à¤°à¤¿à¤¯à¤¾ की मदद से किया जाता है। बचà¥à¤šà¥‡à¤¦à¤¾à¤¨à¥€ निकालने का ऑपरेशन का à¤à¥€ सà¥à¤à¤¾à¤µ दिया जा सकता है।
यदि महिला को à¤à¤µà¤¿à¤·à¥à¤¯ में गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ होना है, तो à¤à¤¸à¥€ सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ में सरà¥à¤œà¤°à¥€ करने की सलाह नहीं दी जाती है। कà¥à¤¯à¥‹à¤‚कि गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में सरà¥à¤œà¤°à¥€ के दौरान किठगठबदलाव फिर से अवà¥à¤¯à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¿à¤¤ हो जाते हैं।
किगल à¤à¤•à¥à¤¸à¤°à¤¸à¤¾à¤‡à¤œ करना:
पेलà¥à¤µà¤¿à¤• फà¥à¤²à¥‹à¤° की मांसपेशियों को मजबूत करने के लिठपेशाब को 5 सेकेंड तक रोक कर रखना
पेशाब करने के दौरान पूरे तीन बार पेशाब को 5 सेकेंड तक रोकने की कोशिश करें, à¤à¤¸à¤¾ दिन में कम से कम 10 बार करें।
हर बार जब à¤à¥€ आप à¤à¤•à¥à¤¸à¤°à¤¸à¤¾à¤‡à¤œ करें पेशाब को 10 सेकेंड तक रोकना इस à¤à¤•à¥à¤¸à¤°à¤¸à¤¾à¤‡à¤œ का मà¥à¤–à¥à¤¯ लकà¥à¤·à¥à¤¯ होता है।
आप किसी à¤à¤¸à¥‡ डॉकà¥à¤Ÿà¤° से मदद à¤à¥€ ले सकते हैं, जो पेलà¥à¤µà¤¿à¤• कà¥à¤·à¥‡à¤¤à¥à¤° के अंगों के विशेषजà¥à¤ž हों और पेलà¥à¤µà¤¿à¤• फà¥à¤²à¥‹à¤° मसल à¤à¤•à¥à¤¸à¤°à¤¸à¤¾à¤‡à¤œ की जानकारी रखते हों। ये डॉकà¥à¤Ÿà¤° आपको à¤à¤•à¥à¤¸à¤°à¤¸à¤¾à¤‡à¤œ को ठीक से करने का तरीका बता सकते हैं, ताकि पेलà¥à¤µà¤¿à¤• फà¥à¤²à¥‹à¤° की मांसपेशियों मजबूत हो सकें।
गरà¥à¤à¤¾à¤¶à¤¯ बाहर निकलने से कà¥à¤¯à¤¾ जटिलताà¤à¤‚ हो सकती हैं?
यदि यूटेराइन पà¥à¤°à¥‹à¤²à¥ˆà¤ªà¥à¤¸ गंà¤à¥€à¤° नहीं है, तो आमतौर पर उससे किसी पà¥à¤°à¤•ार की समसà¥à¤¯à¤¾ विकसित नहीं होती और ना ही उसका इलाज करवाने की आवशà¥à¤¯à¤•ता पड़ती है। यदि यह सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ अतà¥à¤¯à¤§à¤¿à¤• गंà¤à¥€à¤° हो गई है, तो उसे ततà¥à¤•ाल वेजाइनल पेसरी और ऑपरेशन की आवशà¥à¤¯à¤•ता पड़ती है, ताकि इससे होने वाली जटिलताओं को रोका जा सके, जैसे:
मूतà¥à¤° असंयमिता (पेशाब ना रोक पाना)
यूरिनरी रिटेंशन (मूतà¥à¤° पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤§à¤¾à¤°à¤£)
योनि में छाले होना
मल तà¥à¤¯à¤¾à¤— करने में कठिनाई होना
गंà¤à¥€à¤° रूप से बाहर की तरफ निकली हà¥à¤ˆ बचà¥à¤šà¥‡à¤¦à¤¾à¤¨à¥€ के कारण योनि की अंदरà¥à¤¨à¥€ परत विसà¥à¤¥à¤¾à¤ªà¤¿à¤¤ हो जाती है, और शरीर के बाहरी उà¤à¤°à¥€ हà¥à¤ˆ दिखाई देती है। योनि के अंदर के ऊतकों में कपड़े की रगड़ लग कर छाले पड़ जाते हैं। बहà¥à¤¤ ही कम मामलों में ये घाव संकà¥à¤°à¤®à¤¿à¤¤ à¤à¥€ हो सकते हैं।
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